पं.रविवि में भारतीय भाषा परिवार पर राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन
(भारतीय भाषा परिवार : भाषाई प्रतिमानों को उपनिवेशवाद से मुक्त करना विषय पर संगोष्ठी)
रायपुर। पं. रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय, रायपुर के प्राचीन भारतीय इतिहास, संस्कृति एवं पुरातत्त्व अध्ययनशाला, साहित्य एवं भाषा अध्ययनशाला तथा संत शदाराम साहिब सिंधी अध्ययन केंद्र द्वारा, भारतीय भाषा समिति, शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार के सहयोग से 12 फरवरी 2026 को राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन किया जा रहा है।
संगोष्ठी का उद्देश्य भारतीय भाषाओं को औपनिवेशिक दृष्टिकोण से मुक्त कर उनके सांस्कृतिक, दार्शनिक और ऐतिहासिक परिप्रेक्ष्य में पुनर्स्थापित करना है। इसमें पाणिनीय व्याकरण, लोकभाषाएँ, जनजातीय भाषाएँ, भाषा नीति, अनुवाद परंपरा, राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 तथा भाषाई विविधता जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श करना है ।
इस संगोष्ठी के उद्घाटन सत्र में मुख्य अतिथि प्रभात मिश्र अध्यक्ष छत्तीसगढ़ राजभाषा आयोग के रुप में शामिल होंगे तथा उद्घाटन सत्र की अध्यक्षता विश्वविद्यालय के माननीय कुलपति प्रो. सच्चिदानंद शुक्ल करेंगे। सारस्वत वक्ता Key Note Speaker के रुप में प्रो. अजय शुक्ल गोरखपुर विश्वविद्यालय उत्तर प्रदेश अपने विचार व्यक्त करेंगे। पैनल डिसकशन सत्र में छत्रपति शिवाजी विश्वविद्याल मुंबई के कुलपति प्रो. केशरी लाल वर्मा, राजकुमारी इन्द्रिरा सिंह कला संगीत विश्वविद्यालय खैरागढ़ के पूर्व प्रोफेसर आइ. डी. तिवारी, एन. आई. टी. रायपुर के डॉ. शशिकांत तराई सह-प्राध्यापक (मानविकी) तथा डॉ. शैलेश मिश्रा सहायक निदेशक रूसा उच्च शिक्षा विभाग रायपुर परिचर्चा करेंगे। द्वितीय सत्र में साहित्य एवं भाषा अध्ययनशाला के पूर्व प्रोफेसर एवं भाषाविद डॉ. चितरंजन कर, विज्ञान महाविद्यालय के अंग्रेजी डिपार्टमेंट के डॉ. सुनैना मिश्रा, नवीन कॉलज के इंचार्ज प्रिंसिपल श्री बी. के. पटेल जांजगीर-चांपा, विज्ञान महाविद्यालय के अंग्रेजी विभाग की अध्यक्ष डॉ. सविता सिंह तथा बलरामपुर जिले से डॉ. पुनीत राय जी अपने विचार प्रस्तुत करेंगे।
संगोष्ठी का संयोजन प्रो. प्रियंवदा श्रीवास्तव, प्रो. मधुलता बारा एवं डॉ. नितेश कुमार मिश्रा एवं आयोजन सचिव डॉ. स्मिता शर्मा हैं। शिक्षकों, शोधार्थियों, स्वतंत्र शोधकर्ताओं एवं विद्यार्थियों के शोध पत्रों का प्रस्तुतीकरण होगा
