नहीं रहे छत्तीसगढ़ के ‘रैपर किंग’ एप्पी राजा: 32 वर्ष की आयु में हुआ निधन, संगीत जगत में शोक की लहर
नहीं रहे छत्तीसगढ़ के ‘रैपर किंग’ एप्पी राजा: 32 वर्ष की आयु में हुआ निधन, संगीत जगत में शोक की लहर
रायपुर: छत्तीसगढ़ी रैप और संगीत को नई पहचान दिलाने वाले लोकप्रिय रैपर और गायक एप्पी राजा (चेतन चांडक) अब हमारे बीच नहीं रहे। 32 वर्षीय एप्पी राजा लंबे समय से एक गंभीर बीमारी से जूझ रहे थे, जिसका इलाज रायपुर में चल रहा था। उनके निधन की खबर से उनके लाखों प्रशंसकों और संगीत प्रेमियों में गहरा शोक है।
संघर्षों से भरा रहा संगीत का सफर
मूल रूप से बस्तर के कांकेर जिले के भानुप्रतापपुर के रहने वाले एप्पी राजा का जीवन काफी संघर्षपूर्ण रहा। आर्थिक तंगी के कारण उन्हें गुजरात के सूरत में नौकरी तक करनी पड़ी, लेकिन संगीत के प्रति उनका जुनून उन्हें वापस छत्तीसगढ़ ले आया। उन्होंने अपने दम पर छत्तीसगढ़ी रैप को एक नया मुकाम दिया और स्थानीय भाषा में युवाओं के लिए बेहतरीन गीत तैयार किए।
‘टूरा भोको लोलो’ से बने थे स्टार
एप्पी राजा को सबसे बड़ी पहचान उनके चर्चित रैप सॉन्ग ‘टूरा भोको लोलो’ से मिली। यह गीत रिलीज होते ही सोशल मीडिया पर वायरल हो गया और युवाओं की जुबान पर चढ़ गया। इसके अलावा उनके अन्य सुपरहिट गीतों में:
‘आ जा रे टुरी तोला रसगुल्ला खवाहु’
‘छत्तीसगढ़ एंथम’
‘चो चो हस’
शामिल हैं। उन्होंने अपने गीतों के जरिए महान विभूतियों जैसे डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम और शहीद भगत सिंह को भी श्रद्धांजलि दी थी।
सोशल मीडिया पर थी जबरदस्त फैन फॉलोइंग
एप्पी राजा की लोकप्रियता का अंदाजा उनके सोशल मीडिया आकड़ों से लगाया जा सकता है:
इंस्टाग्राम: करीब 1.98 लाख फॉलोअर्स।
यूट्यूब: 5.95 लाख सब्सक्राइबर्स और उनके चैनल पर 13 करोड़ से अधिक व्यूज।
उनके निधन की खबर के बाद सोशल मीडिया पर प्रशंसकों द्वारा उन्हें नम आंखों से श्रद्धांजलि दी जा रही है। छत्तीसगढ़ी संगीत के लिए यह एक अपूरणीय क्षति है।
