June 6, 2026

मैनपुर स्कूल मामले में पहुँची पाँच सदस्यीय जाँच टीम, क्या बच्चों को मिलेगा इंसाफ़ ?

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जांच टीम के समक्ष छात्राओं पुनः रो रोकर सुनाई अपनी आपबीती

इतेश सोनी गरियाबंद मैनपुर । शासकीय उच्चतर हायर सेकेंडरी विद्यालय मैनपुर में बहुचर्चित दो गुटों की लड़ाई की जांच के लिए जिलाधीश गरियाबंद के द्वारा पांच सदस्यों की जांच टीम गठित किया गया था जिसमें सदस्यो मे कृपाल सिंह पर सहायक संचालक जिला गरियाबंद श्रीमती ए के लकड़ा प्राचार्य शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सड़क परसुली श्रीमती तृप्ति शानीग प्राचार्य शासकीय हाई स्कूल छिंदौला वाय आर साहू प्राचार्य शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय पांडुका बंटी राय प्राचार्य शासकीय हाई स्कूल कुरुभांठा ने मैनपुर पहुंचकर छात्रों व शिक्षकों से बारी बारी से पूरी पूछताज किया गया जांच की निष्कर्ष सामने तो नहीं आया है लेकिन खबर के असर में जांच टीम पहुंचे थे।

साथ में जिला शिक्षा अधिकारी आनंद शाश्वत, एसडीएम मैनपुर पंकज डाहरे , एसडीओपी मैनपुर बाजीराव सिंह, श्याम चंद्राकर , महेश पटेल विकास खंड शिक्षा अधिकारी, बी आर सी सी शिव कुमार नागे तहसीलदार गैंदलाल साहू थाना प्रभारी शिव शंकर हुर्रा संजय नेताम जिला पंचायत उपाध्यक्ष लोकेश्वरी नेताम जिला पंचायत सदस्य दुलार सिन्हा मंडल अध्यक्ष रामकृष्ण ध्रुव ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष तुलसी राठौर गजेन्द्र यादव गोलू पटेल नंदकिशोर चौबे मुकेश सिन्हा सहित जनप्रतिनिधि गण भी उपस्थित रहे। टीम के द्वारा जांच जारी किया गया है उसके बाद भी जांच टीम के समक्ष छात्राओं की सिसक सिसक कर रोना अब तक शांत नहीं हुआ है वहीं शाला प्रबंधन समिति के द्वारा भी बैठक आयोजित किया गया था।

जिसमें सभी पालक गण उपस्थित रहे और सहमति जताई कि विवादित टीचरों को तत्काल ही शासकीय उच्चतर विद्यालय मैनपुर से हटाया जाए तभी छात्रों की दो गुटों की लड़ाई शांत होगी अन्यथा लड़ाई शांत होने की संभावना नहीं बन रही है। देखना अब यह है कि जांच टीम के द्वारा क्या कार्रवाई की जाती है बेड टच करने वाले शिक्षक पर क्या गाज गिर सकता है या फिर लीपापोती कर मामले को छोड़ दिया जायेगा यह जांच के बाद ही पता चलेगा लेकिन पालकों की मांग है कि विवादित लोगों को इस स्कूल से तत्काल ही हटाया जाए।

नहीं हटाए जाने पर विवाद की स्थिति ऐसी ही बनी रहेगी और विद्यार्थी तनाव में रहेंगे क्योंकि उनकी परीक्षा नजदीक हैl जिला शिक्षा अधिकारी के द्वारा शिकायत मे शामिल टीचर को ही प्राचार्य नियुक्त किया गया है यह न्याय संगत नहीं होने की चर्चा भी बना रहा इस संबंध में जिला शिक्षा अधिकारी आनंद शाश्वत से चर्चा करने पर कोई जवाब नहीं दिए। उचित जवाब नहीं दिए जाने के कारण अभिभावक आक्रोषित है l

 

पांच सदस्यों की जांच कमेटी बनाई गई है उसमें बच्चों और शिक्षकों की बयान लिया गया है उसमें निष्कर्ष निकालकर जांच रिपोर्ट बनाई जाएगी l और दोषी शिक्षकों पर कार्यवाही की जाएगी सबका बयान दर्ज कर लिया गया हैं l

आनंद शास्वत
जिला शिक्षा अधिकारी गरियाबंद

पालकों की ओर से यह प्रस्ताव किया गया है कि जो भी दोषी है उन कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाए और विवादित शिक्षकों को हटाया जाए।

ललित डहाटे पालक

परीक्षा सिर पर है ऐसे में बेटियों की भविष्य को दृष्टिगत रखते हुए निष्पक्ष जांच करते हुए दोषियों पर नियमानुसार कार्यवाही की जावे शैक्षणिक माहौल बेहतर बनाने हेतु समुचित निर्णय लेना बेहतर होगा l

नंदकिशोर चौबे पालक

शिक्षकीय जगत को कलंकित करने वाले शिक्षकों पर कार्यवाही होनी चाहिए यदि जांच में शिक्षक दोषी है तो उन पर कड़ी से कड़ी कार्यवाही होनी चाहिए l

यशवंत बघेल टीचर एसोसिएशन छत्तीसगढ़ प्रांतीय सचिव

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