कलेक्टर ने ली स्वास्थ्य विभाग और आयुष की संयुक्त समीक्षा बैठक
कलेक्टर ने ली स्वास्थ्य विभाग और आयुष की संयुक्त समीक्षा बैठक
रायपुर,कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने आज स्वास्थ्य विभाग और आयुष की संयुक्त समीक्षा बैठक में जिले की स्वास्थ्य योजनाओं की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की। बैठक के दौरान उन्होंने लेप्रोसी और टीबी के मरीजों की जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि 2027 तक जिले को पूरी तरह से लेप्रोसी और टीबी मुक्त करने के लिए बड़े पैमाने पर अभियान चलाया जाए। उन्होंने ब्लॉक स्तर पर उपलब्ध आंकड़ों का विश्लेषण कर मरीजों की पहचान करने और इसके लिए एक ठोस कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश भी दिए।
आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना की समीक्षा के दौरान कलेक्टर डॉ. सिंह ने कहा कि अधिक से अधिक पात्र लाभार्थियों को योजना का लाभ दिया जाए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर (BMO) मितानिनों के साथ समन्वय कर और अन्य उपायों से घर-घर सर्वे कराएं और इस योजना से छूटे हुए सभी पात्र लोगों को जल्द से जल्द लाभ दिलाना सुनिश्चित करें। उन्होंने विकासखंड आधारित हितग्राहियों और ऑनलाइन सर्वे की संख्या की जानकारी भी मांगी। बैठक में यह जानकारी दी गई कि जिले में अब तक 9000 से अधिक स्वास्थ्य शिविर आयोजित किए जा चुके हैं। वर्तमान में जिले में 33 प्रधानमंत्री जनऔषधि केंद्र संचालित हो रहे हैं, जबकि 3 नए केंद्र निर्माणाधीन हैं। इसके अलावा, जिले में आयुष्मान भारत हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर की संख्या बढ़कर 229 हो गई है। कलेक्टर ने इन केंद्रों की प्रभावशीलता की समीक्षा करते हुए कहा कि प्रत्येक विकासखंड में स्वास्थ्य सेवाओं को और मजबूत किया जाए।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने राष्ट्रीय अंधत्व नियंत्रण कार्यक्रम में उल्लेखनीय प्रगति की सराहना की, जहां मोतियाबिंद ऑपरेशन का 154% लक्ष्य प्राप्त किया गया है। उन्होंने राष्ट्रीय कुष्ठ उन्मूलन कार्यक्रम के तहत सभी ब्लॉकों में मरीजों की पहचान कर कार्ययोजना को तत्काल लागू करने के निर्देश दिए। चिरायु-राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने एक-एक स्कूल और आंगनवाड़ी केंद्र में किए गए सर्वे की जानकारी ली और उन स्थानों की पहचान करने को कहा, जहां अभी तक सर्वे नहीं हुआ है। उन्होंने उन क्षेत्रों में सर्वे न होने के कारण की जानकारी मांगी और तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। प्रधानमंत्री राष्ट्रीय डायलिसिस योजना के तहत प्रगति की समीक्षा करते हुए उन्होंने सुनिश्चित करने को कहा कि लाभार्थियों को बेहतर सुविधाएं मिलें।
