IND vs NZ 1st ODI: ऑकलैंड में टीम इंडिया का जलवा, न्यूजीलैंड को 5 विकेट से हराकर सीरीज पर की शानदार शुरुआत
IND vs NZ: ऑकलैंड में टीम इंडिया का जलवा, न्यूजीलैंड को 5 विकेट से हराया
ऑकलैंड। भारत और न्यूजीलैंड के बीच पांच मैचों की वनडे सीरीज का आगाज रोमांचक मुकाबले के साथ हुआ। बुधवार को ऑकलैंड के ईडन पार्क मैदान पर खेले गए बारिश से प्रभावित पहले वनडे में भारतीय टीम ने न्यूजीलैंड को पांच विकेट से हराकर शानदार शुरुआत की। भारत की जीत में अनुभवी बल्लेबाज विराट कोहली की आक्रामक पारी और तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह की घातक गेंदबाजी ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कोहली ने 51 गेंदों में 74 रन बनाए, जबकि अर्शदीप सिंह ने न्यूजीलैंड के चार बल्लेबाजों को पवेलियन भेजा।
इस जीत के साथ भारतीय टीम ने पांच मैचों की वनडे सीरीज में 1-0 की बढ़त हासिल कर ली। हालांकि, मुकाबला एक समय भारतीय टीम के लिए आसान दिखाई दे रहा था, लेकिन अंतिम चरण में लगातार विकेट गिरने के कारण न्यूजीलैंड ने वापसी की कोशिश की।
भारतीय कप्तान शुभमन गिल ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया। मौसम और पिच की परिस्थितियों को देखते हुए भारतीय टीम चार तेज गेंदबाजों के साथ मैदान पर उतरी। कप्तान का यह फैसला शुरुआती ओवरों में सही साबित हुआ, जब भारतीय गेंदबाजों ने न्यूजीलैंड के शीर्ष क्रम पर दबाव बनाना शुरू कर दिया।
न्यूजीलैंड की शुरुआत अच्छी नहीं रही। सलामी बल्लेबाज विल यंग केवल नौ रन बनाकर आउट हो गए। इसके बाद हेनरी निकोल्स भी नौ रन बनाकर पवेलियन लौट गए। दोनों शुरुआती विकेट अर्शदीप सिंह ने हासिल किए।
अर्शदीप ने नई गेंद से शानदार गेंदबाजी करते हुए न्यूजीलैंड के बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया। उनकी सटीक लाइन और लेंथ के सामने मेजबान टीम को शुरुआत में रन बनाने के लिए संघर्ष करना पड़ा।
न्यूजीलैंड के सलामी बल्लेबाज टिम सीफर्ट ने 38 रन की उपयोगी पारी खेलकर टीम को संभालने की कोशिश की। उन्होंने 43 गेंदों का सामना करते हुए तीन चौके और दो छक्के लगाए। हालांकि, गुरनूर बराड़ ने उन्हें आउट करके न्यूजीलैंड को तीसरा झटका दिया।
इसके बाद डेरिल मिचेल ने 28 रन बनाए, लेकिन वह भी अपनी पारी को बड़े स्कोर में नहीं बदल सके। कप्तान मिचेल सैंटनर चार रन बनाकर आउट हो गए। टॉम लैथम भी केवल तीन रन का योगदान दे सके।
भारतीय गेंदबाजों ने पूरे मुकाबले में नियमित अंतराल पर विकेट लेकर न्यूजीलैंड पर दबाव बनाए रखा। एक समय मेजबान टीम के नौ विकेट महज 146 रन पर गिर गए थे। ऐसा लग रहा था कि न्यूजीलैंड की पारी 150 रन के आसपास सिमट जाएगी।
हालांकि, अंतिम क्रम के बल्लेबाज ब्लेयर टिकनर ने आक्रामक बल्लेबाजी करके टीम को सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाया। टिकनर ने 23 गेंदों में 34 रन बनाए। इस दौरान उन्होंने अर्शदीप सिंह के एक ओवर में तीन छक्के भी लगाए।
न्यूजीलैंड की पूरी टीम 40.2 ओवर में 185 रन बनाकर ऑलआउट हो गई।
भारत की ओर से अर्शदीप सिंह सबसे सफल गेंदबाज रहे। उन्होंने 10 ओवर में 70 रन देकर चार विकेट हासिल किए। गुरनूर बराड़ ने 9.2 ओवर में 44 रन देकर तीन बल्लेबाजों को आउट किया। वहीं, अंशुल कंबोज ने शानदार किफायती गेंदबाजी करते हुए 10 ओवर में केवल 22 रन देकर दो विकेट लिए।
न्यूजीलैंड की पारी समाप्त होने के बाद भारतीय टीम 186 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी। हालांकि, बारिश ने मुकाबले में कई बार बाधा डाली। मौसम खराब होने के कारण खेल रोकना पड़ा और बाद में डकवर्थ-लुईस-स्टर्न पद्धति के अनुसार भारत के लिए लक्ष्य में बदलाव किया गया।
आखिरकार भारतीय टीम को 32 ओवर में 143 रन बनाने का संशोधित लक्ष्य मिला।
लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम को शुरुआत में ही बड़ा झटका लगा। अनुभवी सलामी बल्लेबाज रोहित शर्मा बिना खाता खोले आउट हो गए। रोहित ने छह गेंदों का सामना किया, लेकिन कोई रन नहीं बना सके।
शुरुआती विकेट गिरने के बाद कप्तान शुभमन गिल और विराट कोहली ने भारतीय पारी को संभाला। दोनों बल्लेबाजों ने संयम के साथ बल्लेबाजी करते हुए टीम को मुश्किल स्थिति से बाहर निकालने का प्रयास किया।
विराट कोहली इस मुकाबले में शानदार लय में दिखाई दिए। उन्होंने न्यूजीलैंड के गेंदबाजों के खिलाफ आकर्षक शॉट लगाए और तेजी से रन बटोरे। कोहली ने अपने अनुभव का पूरा इस्तेमाल करते हुए खराब गेंदों को बाउंड्री तक पहुंचाया।
कोहली ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए अर्धशतक पूरा किया और उसके बाद भी आक्रामक अंदाज बनाए रखा। उन्होंने मात्र 51 गेंदों में 74 रन की बेहतरीन पारी खेली। उनकी बल्लेबाजी ने भारतीय टीम को जीत के बेहद करीब पहुंचा दिया।
दूसरे छोर पर कप्तान शुभमन गिल ने 37 रन बनाकर महत्वपूर्ण योगदान दिया। गिल के आउट होने के बाद भारतीय टीम को 124 रन के स्कोर पर विराट कोहली के रूप में बड़ा झटका लगा।
कोहली के पवेलियन लौटने के बाद न्यूजीलैंड के गेंदबाजों ने मुकाबले में वापसी की कोशिश की। लगातार विकेट गिरने से भारतीय टीम पर दबाव बढ़ गया।
श्रेयस अय्यर भी ज्यादा देर तक क्रीज पर नहीं टिक सके। भारत ने 136 रन के स्कोर पर अपना पांचवां विकेट गंवाया। उस समय टीम जीत से केवल सात रन दूर थी।
हालांकि, भारतीय बल्लेबाजों ने अंतिम चरण में संयम बनाए रखा और संशोधित लक्ष्य हासिल करके टीम को पांच विकेट से जीत दिलाई।
इस मुकाबले में भारत की जीत की नींव गेंदबाजों ने रखी। अर्शदीप सिंह के चार विकेट, गुरनूर बराड़ के तीन विकेट और अंशुल कंबोज के दो विकेट की बदौलत न्यूजीलैंड बड़ा स्कोर नहीं बना सका।
वहीं, बल्लेबाजी में विराट कोहली ने एक बार फिर साबित किया कि दबाव भरे मुकाबलों में उनका अनुभव टीम के लिए कितना महत्वपूर्ण है। उनकी 74 रन की पारी ने भारत की जीत में निर्णायक भूमिका निभाई।
पहले मुकाबले में जीत हासिल करने के बाद भारतीय टीम का आत्मविश्वास बढ़ा है। अब उसकी नजर सीरीज के दूसरे वनडे पर होगी, जो सात नवंबर को वेलिंगटन में खेला जाना है। दूसरी ओर न्यूजीलैंड की टीम अगले मुकाबले में अपनी बल्लेबाजी की कमजोरियों को दूर करके सीरीज में बराबरी हासिल करने की कोशिश करेगी।
